जोधपुर पुलिस आयुक्तालय क्षेत्र में धारा 144 की निषेधाज्ञा जारी

जोधपुर, 13 मार्च।

 पुलिस आयुक्त बीजू जाॅर्ज जोसफ ने लोकसभा चुनाव -19 के तहत कानून व्यवस्था एवं शांति बनाए रखने के लिए जोधपुर आयुक्तालय के सम्पूर्ण क्षेत्र में धारा 144 की निषेधाज्ञा जारी की है।

    आदेश के तहत कोई भी व्यक्ति अस्त्र-शस्त्र तेज धार वाले श़स्त्रों का किसी प्रकार से प्रदर्शन नहीं करेगा और न ही सार्वजनिक स्थान पर विचरण करेगा। यह प्रतिबंधित शस्त्र अनुज्ञाधारियों के लिए नवीनीकरण एवं थाने में जमा कराने के लिए व्यक्तियों को धार्मिक परंपरा के अनुसार, नियमानुसार निर्धारित कृपाण रखने की छूट होगी। यह प्रतिबंधित बीएसएफ, आरएसी, सिविल पुलिस, होमगार्ड, सेना एवं राज्य व केन्द्रीय कर्मचारियों पर जो कि कानून व शांति व्यवस्था के संबंध में अपने पास हथियार रखने को अधिकृत किए गए हैं। यह वृद्ध व बीमार जो लाठी का सहारा लेते है उन पर भी लागू नहीं होगा।

    आदेशानुसार आयुक्तालय क्षेत्र से बाहर का आयुक्तालय सीमा में बाहर को कोई भी व्यक्ति किसी भी किस्म के हथियारों को अपने साथ नहीं लाएगा और नही सार्वजनिक स्थानों पर इसका प्रदर्शन करेगा। कोई भी व्यक्ति आग्नेयशस्त्र, विस्फोटक पदार्थ, घातक रासायनिक पदार्थ को लेकर नहीं चलेगा और न ही इसका प्रयोग करेगा। विस्फोटक पदार्थ, घातक रासायनिक पदार्थ, घातक तरह पदार्थ बंद डिब्बों, कांच की बोतलों में लेकर नहीं चलेंगे और न ही इसका प्रयोग करेंगी

    आदेश के तहत ही अधिकृत पुलिस अधिकारी की पूर्वानुमति के बिना कोई भी व्यक्ति किसी भी सार्वजनिक स्थल पर जुलूस, सभा, धरना, रैली आदि का आयोजन नहीं करेगा। चुनाव प्रचार संबंधी रैलियों के संबंध में चुनाव आयोग द्वारा पारित निर्देशों के अधीन अधिकृत प्राधिकारी से अनुमति आवश्यक होगीं कोई भी व्यक्ति सांप्रदायिक सद्भावना को ठेस पहुंचाने तथा उत्तेजनात्मक नारे नहीं लगायेगा, न ही ऐसा कोई भाषण और उद्बोधन देगा, नही ऐसे किसी पेम्पलेट, पोस्टर या अन्य प्रकार की चुनाव सामग्री छाप के वितरण करेगा या या करवायेगा और न ही किसी डी.जे. साउण्ड, एम्प्लीफायर, रेडियों, टेपरिकाॅर्डर, लाउण्डस्पीकर, आॅडियो-विडियों कैसेट या अन्य किसी इलेक्ट्राॅनिक उपकरणें के माध्यम से इस प्रकार का प्रचार-प्रसार करेगा अथवा करवायेगा। ऐसे कृत्यों के लिए न ही किसी को दुष्प्रेरित करेगा। आदेश के तहत ही कोई भी व्यक्ति धार्मिक उन्माद, जातिगत द्वेष किसी भी माध्यम से नहीं फैलायेगा ना ही, इन्टरनेट तथा सोधल मिडिया यथा फेसबुक, ट्वीटर, वाॅट्सअप आदि के माध्यम से किसी प्रकार का धार्मिक उन्माद जातिगत द्वेष या दुष्प्रचार नहीं करेगा। कोई भी व्यक्ति किसी के समर्थन या विरोध में सार्वजनिक एवं राजकीय संपतियों पर किसी तरह का नारा-लेखन या प्रति-चित्रण नहीं करेगा, ना ही करवायेगा और न ही किसी तरह के पोस्टर, होर्डिग आदि लगाएगा और न ही सार्वजनिक संपतियों का विरूपण करेगा या करवायेगा। किसी भी निजी संपति का इस प्रयोजनार्थ उपयोग उसके स्वामी की लिखित पूर्वानुमति के बिना नहीं किया जा सकेगा। कोई भी व्यक्ति किसी भी सार्वजनिक स्थान पर मदिरा का सेवन नहीं करेगा, न ही अन्य किसी को सेवन करवायेगा अथवा न ही मदिरा सेवन हेतु दुष्प्रेरित करेगा तथा अधिकृत विक्रेताओं के अलावा कोई भी व्यक्ति निजी उपयोग के अलावा अन्य उपयोग हेतु सार्वजनिक स्थलों में मदिरा लेकर आवागमन नहीं करेगा और न ही इस के लिए किसी को दुष्प्रेरित करेगा। सूखा दिवस पर मदिरा विक्रय पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।ध्वनि विस्तारण का उपयोग माननीया सर्वोच्च न्यायालय के निर्णयानुसार किसी भी परिस्थिति में रात्रि 10.00 बजे से प्रातः 6.00 बजे तक नहीं किया जायेगा। इसके अतिरिक्त ध्वनि विस्तारण यन्त्र का प्रयोग बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति के नहीं किया जायेगा।

    किसी भी मंदिरो, मस्जिदों, गुरूद्वारों, गिरिजाघरों या अन्य धार्मिक स्थानों का निर्वाचन प्रचार मंत्र के रूप में प्रयोग नहीं किया जावेगा। कोई भी व्यक्ति मतदान दिवस के दिन मतदान केन्द्र से दौ सौ मीटर की परिधि के अंदर किसी भी तरह के मोबाइल फोन, सेल फोन, वायरलेस का उपयोग नहीं करेगा। यह प्रतिबंध चुनाव ड्यूटी में लगे अधिकारियों, कार्मिकों, पुलिस अधिकारियों, कार्मिकों पर लागू नहीं होगा। मतदान के दिवस मतदाताओं को वाहनों से मतदान केन्द्रों तक ले जाने और वहां से वापस लाने पर पूर्णतः रोक रहेगी। लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 135 ग के प्रावधानों के क्रम में दिनांक 27 अप्रैल 2019  को मध्यरात्रि से तत्काल लागू होकर दिनांक 29 अप्रैल 2019 को मतदान समाप्ति तक सम्पूर्ण जोधपुर आयुक्तालय क्षेत्र में, पुर्नमतदान की स्थिति में पुर्नमतदान की घोषणा से पुनर्मतदान की तिथि को पुर्नमतदान की समाप्ति तक संबंधित मतदान केन्द्र, केन्द्रों के क्षेत्रों में सम्पूर्ण जोधपुर आयुक्तालय क्षेत्र में सुखा दिवस प्रभावशील रहेगा। भारत के चुनाव आयोग द्वारा जारी आदर्श चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन नहीं करेंगा।